
बांग्लादेश में आरक्षण को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के हिंसक होने के बाद सोमवार को प्रधानमंत्री शेख़ हसीना ने इस्तीफ़ा दे दिया और देश छोड़ दिया। बताया जा रहा है कि देश छोड़ते वक़्त उनके साथ उनकी बहन शेख़ रेहाना भी थीं। पीएम हसीना के देश छोड़ने के बाद आर्मी चीफ़ जनरल वकार-उज़-ज़मान ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि बांग्लादेश में एक अंतरिम सरकार बनाई जाएगी।
खबर है कि बांग्लादेश की राजधानी ढाका में हजारों प्रदर्शनकारी प्रधानमंत्री शेख़ हसीना के आधिकारिक आवास में घुस गए, वहां तोड़फोड़ की। ऐसे वीडियो फ़ुटेज सामने आए हैं जिसमें दिख रहा है कि प्रदर्शनकारी शेख़ हसीना के आधिकारिक आवास गण भवन में घुसकर लूटपाट कर रहे हैं।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच बांग्लादेश के कानून मंत्री अनीसुल हक ने कहा कि स्थिति काफी गंभीर हो गई है। ढाका में प्रदर्शनकारियों ने बांग्लादेश के संस्थापक और शेख हसीना के पिता शेख मुजीब-उर-रहमान की मूर्ति के साथ तोड़फोड़ कर दी।
इस पूरे घटनाक्रम पर बांग्लादेश की सेना ने कहा कि हिंसा से देश को नुकसान हुआ है। हालांकि, सेना देश के हालात को पूरी तरह संभाल लेगी। सेना ने देश में अंतरिम सरकार के गठन के साथ शांति स्थापित करने की भी बात कही। प्रदर्शनकारियों से कानून अपने हाथ में न लेने की अपील भी की गई।
बांग्लादेश में हाल ही में पुलिस और छात्र प्रदर्शनकारियों के बीच हिसंक झड़पें हुईं हैं। दरअसल, प्रदर्शनकारी छात्र विवादित आरक्षण प्रणाली को समाप्त करने की मांग कर रहे हैं। इसके तहत बांग्लादेश के लिए वर्ष 1971 में आजादी की लड़ाई लड़ने वाले स्वतंत्रता संग्रामियों के परिवारों के लिए 30 प्रतिशत सरकारी नौकरियां आरक्षित की गईं हैं।




Add comment