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JEE Advanced 2026: महिलाओं का प्रदर्शन छह साल में सबसे बेहतर, पहली बार 10 हजार से ज्यादा उम्मीदवार सफल

जेईई एडवांस्ड 2026 में महिला उम्मीदवारों के प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। इस साल परीक्षा में सफल होने वाली महिला उम्मीदवारों की संख्या पहली बार 10 हजार के पार पहुंच गई। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, कुल 10,107 महिला उम्मीदवार जेईई एडवांस्ड 2026 में सफल हुईं। परीक्षा का आयोजन इस वर्ष भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान रुड़की ने किया था। जेईई एडवांस्ड की आधिकारिक रिपोर्ट में उम्मीदवारों के पंजीकरण, परीक्षा में उपस्थिति और सफलता से जुड़े विस्तृत आंकड़े जारी किए गए हैं।

महिला उम्मीदवारों की सफलता दर भी बढ़ी

जेईई एडवांस्ड 2026 के लिए 43,112 महिला उम्मीदवारों ने पंजीकरण कराया था। इनमें से 40,562 उम्मीदवार दोनों प्रश्नपत्रों में शामिल हुईं, जबकि 10,107 उम्मीदवारों ने परीक्षा में सफलता हासिल की। इस आधार पर महिला उम्मीदवारों की सफलता दर 23.4 प्रतिशत रही।

पिछले वर्ष महिला उम्मीदवारों की सफलता दर 21.7 प्रतिशत थी। यानी एक साल में इसमें 1.7 प्रतिशत अंक की बढ़ोतरी हुई है। आसान भाषा में कहें तो इस साल परीक्षा में शामिल हुई लगभग हर चार महिला उम्मीदवारों में से एक ने सफलता हासिल की।

जेईई एडवांस्ड 2026 के आधिकारिक परिणाम आंकड़ों में पुरुष उम्मीदवारों के लिए 1,44,276 पंजीकरण, 1,39,131 दोनों पेपरों में उपस्थिति और 46,773 सफल उम्मीदवार दर्ज किए गए हैं। कुल मिलाकर दोनों प्रश्नपत्रों में 1,79,694 उम्मीदवार शामिल हुए और 56,880 उम्मीदवार सफल घोषित किए गए।

IIT में महिलाओं के लिए 3,814 अतिरिक्त सीटें

रिपोर्ट के अनुसार, जेईई एडवांस्ड 2026 में महिला उम्मीदवारों के लिए 3,814 अतिरिक्त सीटें आवंटित की गईं। इसके अलावा 37 महिला उम्मीदवारों को जेंडर-न्यूट्रल सीटों के माध्यम से प्रवेश मिला।

आईआईटी में महिला विद्यार्थियों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से अतिरिक्त महिला सीटों की व्यवस्था की गई है। हालांकि, महिला उम्मीदवारों के लिए उपलब्ध सीटों और जेंडर-न्यूट्रल सीटों को अलग-अलग समझना जरूरी है, क्योंकि दोनों की प्रवेश व्यवस्था अलग है।

SC और ST उम्मीदवारों की सफलता में भी बढ़ोतरी

जेईई एडवांस्ड 2026 में अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) वर्ग के उम्मीदवारों के प्रदर्शन में भी पिछले वर्ष की तुलना में सुधार दर्ज किया गया।

इस साल 15,856 SC उम्मीदवार और 6,379 ST उम्मीदवार जेईई एडवांस्ड में सफल हुए। 2025 में इनकी संख्या क्रमशः 12,499 और 5,008 थी।

रिपोर्ट के मुताबिक, SC उम्मीदवारों की सफलता दर में 9.8 प्रतिशत अंक, जबकि ST उम्मीदवारों की सफलता दर में 8.1 प्रतिशत अंक की बढ़ोतरी हुई।

सामान्य वर्ग में सफल उम्मीदवारों की संख्या घटी

दूसरी ओर, सामान्य वर्ग में सफल उम्मीदवारों की संख्या में मामूली गिरावट दर्ज की गई। 2026 में सामान्य वर्ग के 15,883 उम्मीदवार सफल हुए, जबकि 2025 में यह संख्या 16,154 थी।

सामान्य वर्ग की सफलता दर भी 2025 के 43 प्रतिशत से घटकर 39.8 प्रतिशत रह गई।

GEN-EWS वर्ग में सफल उम्मीदवारों की संख्या जरूर बढ़ी। इस वर्ग में 2025 में 6,291 उम्मीदवार सफल हुए थे, जबकि 2026 में यह संख्या बढ़कर 6,377 हो गई।

वहीं OBC-NCL वर्ग में सफलता दर 18.2 प्रतिशत से घटकर 17.5 प्रतिशत रही और सफल उम्मीदवारों की संख्या 12,606 से घटकर 12,385 हो गई।

1.79 लाख उम्मीदवारों ने दोनों पेपर दिए

जेईई एडवांस्ड 2026 का आयोजन 17 मई 2026 को किया गया था। दोनों पेपरों में कुल 1,79,694 उम्मीदवार शामिल हुए। परीक्षा का परिणाम 1 जून 2026 को जारी किया गया और कुल 56,880 उम्मीदवारों को सफल घोषित किया गया। आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार पेपर-1 सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक और पेपर-2 दोपहर 2:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक आयोजित हुआ था।

जेईई एडवांस्ड में शामिल होने के लिए भारतीय उम्मीदवारों के लिए जेईई मेन 2026 के बीई/बीटेक पेपर के शीर्ष 2.5 लाख सफल उम्मीदवारों को पात्रता दी गई थी।

क्वालिफाइंग मानदंड में दी गई थी छूट

जेईई एडवांस्ड 2026 की रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि प्रत्येक श्रेणी में उपलब्ध सीटों की संख्या की तुलना में पर्याप्त उम्मीदवारों को सफल घोषित करने के लिए क्वालिफाइंग मानदंड में छूट दी गई थी। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि प्रत्येक श्रेणी से सीटों की संख्या के मुकाबले पर्याप्त संख्या में उम्मीदवार आगे की प्रवेश प्रक्रिया के लिए उपलब्ध रहें।

इसका मतलब यह है कि सफल उम्मीदवारों की संख्या केवल परीक्षा में एक निश्चित प्रतिशत अंक हासिल करने से तय नहीं हुई, बल्कि श्रेणीवार सीटों और प्रवेश प्रक्रिया की जरूरतों को भी ध्यान में रखा गया।

JEE Advanced की रैंक से सिर्फ IIT में ही प्रवेश नहीं

जेईई एडवांस्ड की रैंक का इस्तेमाल आईआईटी में प्रवेश के अलावा कुछ अन्य प्रमुख संस्थानों के स्नातक कार्यक्रमों में प्रवेश के लिए भी किया जाता है। इनमें भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc), बेंगलुरु, भारतीय पेट्रोलियम एवं ऊर्जा संस्थान (IIPE), भारतीय अंतरिक्ष विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (IIST) और राजीव गांधी पेट्रोलियम प्रौद्योगिकी संस्थान (RGIPT) जैसे संस्थान शामिल हैं। कुछ संस्थानों और पाठ्यक्रमों में प्रवेश की शर्तें अलग हो सकती हैं।

महिला भागीदारी में बढ़ोतरी क्यों महत्वपूर्ण है?

जेईई एडवांस्ड जैसी बेहद प्रतिस्पर्धी परीक्षा में महिला उम्मीदवारों की सफलता दर का बढ़ना उच्च तकनीकी शिक्षा में उनकी बढ़ती भागीदारी का महत्वपूर्ण संकेत है। 2026 में 10,107 महिला उम्मीदवारों का सफल होना पहली बार पांच अंकों के आंकड़े तक पहुंचना है।

हालांकि, केवल सफल उम्मीदवारों की संख्या बढ़ना ही पर्याप्त नहीं है। आईआईटी में महिला विद्यार्थियों की वास्तविक भागीदारी इस बात पर भी निर्भर करेगी कि सफल उम्मीदवारों में से कितनों को सीट मिलती है, वे किन संस्थानों और पाठ्यक्रमों को चुनती हैं और प्रवेश के बाद उनकी संख्या किस स्तर तक पहुंचती है।

JEE Advanced 2026 की आधिकारिक रिपोर्ट परीक्षा आयोजित करने वाले आईआईटी की ओर से जारी की जाती है और इसमें परीक्षा, उम्मीदवारों के प्रदर्शन तथा प्रवेश से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़े शामिल होते हैं। 2026 की रिपोर्ट आधिकारिक जेईई एडवांस्ड वेबसाइट पर उपलब्ध है।

Raish Ahmed

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