
योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने वाला पतंजलि ग्रुप अब शिक्षा के क्षेत्र में भी एक नई पहल करने जा रहा है। योग गुरु स्वामी रामदेव (Swami Ramdev) ने घोषणा की है कि पतंजलि योगपीठ जल्द ही एक सिविल सर्विसेज एकेडमी शुरू करेगा, जहां संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) और अन्य सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी। इस नई पहल की जिम्मेदारी देश के चर्चित शिक्षक और शिक्षाविद अवध ओझा (Avadh Ojha) को सौंपी गई है।
रामदेव और अवध ओझा ने किया ऐलान
इस नई योजना की जानकारी स्वामी रामदेव ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा एक वीडियो के माध्यम से दी। वीडियो में वह अवध ओझा के साथ योगाभ्यास करते दिखाई दे रहे हैं। इसी दौरान उन्होंने बताया कि पतंजलि योगपीठ में सिविल सर्विसेज एकेडमी की शुरुआत की जा रही है और इसके संचालन एवं शैक्षणिक दिशा-निर्देशन की जिम्मेदारी अवध ओझा संभालेंगे।
स्वामी रामदेव ने कहा कि देश को ऐसे प्रशासनिक अधिकारियों की आवश्यकता है जो केवल परीक्षा में सफल होने तक सीमित न रहें, बल्कि भारतीय संस्कृति, सामाजिक मूल्यों और राष्ट्र निर्माण की जिम्मेदारियों को भी गहराई से समझें। उनके अनुसार नई एकेडमी का उद्देश्य ऐसे ही युवाओं को तैयार करना होगा जो प्रशासनिक सेवाओं में जाकर समाज के लिए सकारात्मक योगदान दे सकें।
छात्रों को मिलेगा वैकल्पिक तैयारी केंद्र
नई जिम्मेदारी मिलने के बाद अवध ओझा ने कहा कि सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने वाले छात्रों को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन के लिए केवल दिल्ली जैसे बड़े कोचिंग केंद्रों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि पतंजलि योगपीठ का शांत और अनुशासित वातावरण छात्रों को पढ़ाई पर बेहतर तरीके से ध्यान केंद्रित करने में मदद करेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि एकेडमी में देश के अनुभवी शिक्षकों और विषय विशेषज्ञों को जोड़ा जाएगा। उनका दावा है कि छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए वही स्तर की शैक्षणिक सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा, जो देश के प्रमुख कोचिंग संस्थानों में मिलती है।
कौन हैं अवध ओझा?
अवध ओझा देश के लोकप्रिय शिक्षकों और प्रतियोगी परीक्षा विशेषज्ञों में गिने जाते हैं। छात्रों के बीच वह ‘ओझा सर’ के नाम से व्यापक रूप से पहचाने जाते हैं। इतिहास विषय की अपनी सरल और प्रभावशाली शिक्षण शैली के कारण उन्होंने बड़ी संख्या में विद्यार्थियों के बीच लोकप्रियता हासिल की है।
ऑनलाइन शिक्षा और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर उनकी मजबूत उपस्थिति रही है, जहां लाखों छात्र उनके शैक्षणिक वीडियो देखते हैं। बीते कुछ वर्षों में वह शिक्षा जगत के चर्चित चेहरों में शामिल रहे हैं।
शिक्षा क्षेत्र में पतंजलि का नया कदम
पतंजलि ग्रुप की यह पहल ऐसे समय में सामने आई है जब सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी के लिए देशभर में गुणवत्तापूर्ण और सुलभ शिक्षा की मांग लगातार बढ़ रही है। हर साल लाखों उम्मीदवार UPSC और राज्य लोक सेवा आयोगों की परीक्षाओं में शामिल होते हैं, लेकिन सीमित सीटों के कारण प्रतिस्पर्धा बेहद कठिन होती है।
ऐसे में यदि पतंजलि की प्रस्तावित सिविल सर्विसेज एकेडमी अनुभवी शिक्षकों और व्यवस्थित मार्गदर्शन के साथ शुरुआत करती है, तो यह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों के लिए एक नया विकल्प बन सकती है। हालांकि, फिलहाल एकेडमी की शुरुआत की तारीख, पाठ्यक्रम, फीस संरचना और प्रवेश प्रक्रिया से जुड़ी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।
आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि योग और आयुर्वेद के क्षेत्र में स्थापित पहचान रखने वाला पतंजलि ग्रुप शिक्षा और सिविल सेवा प्रशिक्षण के क्षेत्र में किस तरह अपनी नई भूमिका निभाता है।




Add comment