
अधिकतर छात्र भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) से बीटेक करने का सपना देखते हैं, लेकिन हर किसी के लिए सीमित सीटों वाली आईआईटी-जेईई परीक्षा के जरिये इसमें दाखिला ले पाना संभव नहीं होता है। ऐसे में अगर आप भी इस प्रवेश परीक्षा के जरिये आईआईटी में प्रवेश लेने से वंचित रह गए हैं, तो आपके लिए इस शीर्ष संस्थान में पढ़ने के कई और विकल्प भी मौजूद हैं।
दरअसल, विभिन्न आईआईटी स्नातक से लेकर अलग-अलग सर्टिफिकेट कोर्सेज की पेशकश करते हैं। इन्हें वैश्विक स्तर पर मान्यता भी प्राप्त है। इनके जरिये आप बिना जेईई-एडवांस्ड दिए आईआईटी से डिग्री लेने का अपना ख्वाब पूरा कर सकते हैं। साथ ही, ये कोर्स आपके कॅरिअर को दिशा देने और आईआईटी का हिस्सा बनने का बेहतरीन अवसर प्रदान करते हैं।
ओलंपियाड
अगर आप भौतिकी, रसायन विज्ञान और गणित में आगे की पढ़ाई करना चाहते हैं, तो आप आईआईटी, कानपुर, गांधीनगर, बॉम्बे तथा आईआईएससी और भारत विज्ञान और शिक्षा अनुसंधान संस्थान (आईआईएसईआर) में ओलंपियाड के आधार पर प्रवेश ले सकते हैं। इसके लिए पात्रता लगभग आईआईटी-जेईई के समान ही होती है। इसमें ओलंपियाड रैंकिंग के आधार पर मार्च-2025 में आवेदन शुरू होंगे।
एचएसईई और गेट
अगर आप आईआईटी से बीटेक नहीं कर पाए हैं, तो परेशान होने की जरूरत नहीं है। किसी और संस्थान से बीटेक करने के बाद आप गेट (अभियांत्रिकी स्नातक अभिक्षमता परीक्षा) के जरिये यहां से एमटेक या इंटीग्रेटेड कोर्स कर सकते हैं। इसके अलावा, मानविकी विषय से जुड़े छात्र मानविकी और सामाजिक विज्ञान प्रवेश परीक्षा (एचएसईई) के माध्यम से भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान के पांच वर्षीय इंटीग्रेटेड कोर्स मास्टर ऑफ आर्ट्स में दाखिला ले सकते हैं।
कॉमन एडमिशन टेस्ट (कैट) और सीईईडी
राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा कॉमन एडमिशन टेस्ट (कैट) भी आईआईटी में प्रवेश पाने का एक जरिया है। भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) अपने स्नातकोत्तर प्रबंधन पाठ्यक्रमों यानी एमबीए में प्रवेश के लिए यह परीक्षा आयोजित करवाते हैं। आईआईटी अपने प्रबंधन कोर्सेज के लिए इस परीक्षा के स्कोर के आधार पर उम्मीदवारों का चयन करते हैं। अगर आपकी रुचि डिजाइनिंग में है, तो सीईईडी की परीक्षा उत्तीर्ण करके आप एमडीईएस और पीएचडी कार्यक्रमों के लिए आवेदन करने के पात्र हो जाते हैं। यह परीक्षा वर्ष में एक बार आयोजित की जाती है। इसका स्कोरकार्ड एक साल के लिए वैध रहता है।
अन्य विकल्प
आपके लिए आईआईटी, मद्रास का बीएससी (ऑनर्स) इन डाटा साइंस एंड एआई और आईआईटी, कानपुर व गुवाहाटी के ई-मास्टर कार्यक्रम बेहतर विकल्प हो सकते हैं। आप चाहें तो, आईआईटी, दिल्ली के एनर्जी स्टडीज और सस्टेनेबिलिटी प्रोग्राम का भी रुख कर सकते हैं। स्वयं और एनपीटीईएल प्लेटफॉर्म पर भी आईआईटी के कई फ्री कोर्स उपलब्ध हैं।




Add comment