
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने घोषणा की है कि देश के सभी संबद्ध स्कूलों को 60 संकेतकों पर आधारित सर्वे के जरिए ‘स्वच्छ एवं हरित विद्यालय रेटिंग (SHVR) 2025-26’ के अंतर्गत रेटिंग और मान्यता दी जाएगी। इस पहल का उद्देश्य देशभर में स्वच्छ, हरित और समावेशी विद्यालय वातावरण को बढ़ावा देना है।
इस कार्यक्रम के लिए बोर्ड ने एक विशेष पोर्टल और मोबाइल एप विकसित किया है, जिससे स्कूल डिजिटल रूप से पंजीकरण कर सकेंगे, स्वयं आकलन कर पाएंगे और अपनी प्रगति की निगरानी रख सकेंगे।
स्कूलों के लिए प्रक्रिया
SHVR 2025-26 में सभी संबद्ध स्कूलों की भागीदारी अनिवार्य है। आवेदन की अंतिम तिथि 30 सितंबर 2025 है। स्कूल shvr.education.gov.in पर जाकर एंड्रॉयड और iOS के लिए उपलब्ध मोबाइल एप डाउनलोड करने हेतु QR कोड स्कैन कर सकते हैं।वेब-पोर्टल से भागीदारी के लिए होमपेज पर ‘लॉगिन/साइनअप’ विकल्प का उपयोग करें। UDISE+ कोड दर्ज करने पर स्कूल की बुनियादी जानकारी स्वतः भर जाएगी।पंजीकरण के बाद छह श्रेणियों में पूछे गए प्रश्नों के उत्तर देने होंगे और फिर फॉर्म सबमिट करना होगा।
SHVR क्या है?
‘स्वच्छ एवं हरित विद्यालय रेटिंग’ केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा लॉन्च किया गया एक नया, विस्तारित और सार्वभौमिक संस्करण है, जो पहले के ‘स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार (SVP)’ पर आधारित है।
यह सभी स्कूलों पर लागू होगा जिनके पास UDISE कोड है—चाहे वे सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी, आवासीय, जनजातीय, अल्पसंख्यक, केंद्रीय विद्यालय (KVS), नवोदय विद्यालय (NVS) या सीबीएसई से संबद्ध हों।
कार्यक्रम का उद्देश्य स्कूलों को छह मुख्य क्षेत्रों में स्वयं मूल्यांकन और सुधार के लिए प्रोत्साहित करना है:
1. पानी
2. शौचालय
3. साबुन से हाथ धोना
4. संचालन और रखरखाव
5. व्यवहार परिवर्तन एवं क्षमता निर्माण
6. ‘मिशन लाइफ’ गतिविधियां
रेटिंग मानक
रेटिंग स्कोर टिप्पणी
1 स्टार 35% से कम खराब, काफी सुधार की जरूरत
2 स्टार 35%–50% उचित, सुधार की आवश्यकता
3 स्टार 51%–74% अच्छा, सुधार की गुंजाइश है
4 स्टार 75%–89% बहुत अच्छा
5 स्टार 90%–100% उत्कृष्ट, इसे जारी रखें




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