
भारतीय वैज्ञानिकों ने बर्ड फ्लू यानी एवियन इन्फ्लुएंजा (एच5एन1) वायरस का टीका खोजने में बड़ी सफलता हासिल की है। इस वायरस को नियंत्रित करने के लिए केरल में 10 दिन पुराने भ्रूणयुक्त मुर्गी के अंडे से जीवित पकड़ा गया, फिर महाराष्ट्र में इसे निष्क्रिय किया गया और अंत में कर्नाटक की उच्च क्षमता वाली प्रयोगशाला में परीक्षण कर टीका विकसित किया गया। यह खोज इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि एवियन इन्फ्लुएंजा अत्यधिक घातक रोगजनकों में से एक है, जो म्यूटेशन के बाद कोरोना वायरस की तरह व्यक्ति से व्यक्ति में फैल सकता है। मनुष्यों में इसकी मृत्यु दर बहुत अधिक है, और अब तक इस वायरस की चपेट में आए 50% से अधिक लोग जान गंवा चुके हैं।




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