शूलिनी यूनिवर्सिटी के फैकल्टी ऑफ लीगल साइंसेज ने नई दिल्ली में जनरल काउंसल्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (GCAI) द्वारा आयोजित ‘न्याय निर्माण 2026: India @ 2047’ सम्मेलन में भाग लिया।
सम्मेलन का पांचवां संस्करण 24 सितंबर 2026 को डॉ. अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर, नई दिल्ली में आयोजित किया गया। इस वर्ष सम्मेलन की थीम ‘Building the Legal Architecture for a Connected Global Economy’ थी। सम्मेलन का उद्देश्य भारत में बदलते कानूनी परिदृश्य और विकसित भारत @ 2047 के लक्ष्य को हासिल करने में कानून की भूमिका पर चर्चा करना था। इसमें न्यायपालिका, सरकार, कानूनी क्षेत्र, उद्योग और शिक्षा जगत से जुड़े विशेषज्ञों ने भाग लिया।
सम्मेलन के दौरान कानूनी सुधार, कारोबारी मामलों में कानूनी निश्चितता, तकनीक आधारित न्याय व्यवस्था, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), वैकल्पिक विवाद समाधान, मध्यस्थता और वकीलों की बदलती भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। भविष्य के कानूनी नेतृत्व पर हुई चर्चा में तकनीक, वैश्वीकरण और कारोबारी जरूरतों में हो रहे बदलावों का कानूनी पेशे पर पड़ने वाले प्रभाव को भी समझने का प्रयास किया गया।
शूलिनी यूनिवर्सिटी के छात्रों के लिए यह सम्मेलन मौजूदा कानूनी मुद्दों को करीब से समझने और कानूनी क्षेत्र से जुड़े पेशेवरों से मिलने का महत्वपूर्ण अवसर रहा। सम्मेलन के अनुभव ने छात्रों को कक्षा की पढ़ाई से आगे बढ़कर कानून के क्षेत्र में हो रहे बदलावों को समझने का अवसर दिया। इससे उन्हें उन प्रमुख विकासों की बेहतर समझ मिली, जो भविष्य में भारत के कानूनी क्षेत्र और बाजार को प्रभावित कर सकते हैं।




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