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How did the Al-Falah controversy expose the layers of the university accreditation system?

उभरती प्रौद्योगिकियों से बनेगा लाखों रोजगार का रास्ता, बोले केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद

उभरती प्रौद्योगिकियों से बनेगा लाखों रोजगार का रास्ता, बोले केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद

उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में आयोजित ‘प्रौद्योगिकी एवं कौशल विकास सम्मेलन’ में केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी तथा वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि देश में ड्रोन प्रौद्योगिकी, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) और साइबर सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में तेजी से अवसर बढ़ रहे हैं। ये तकनीकें न केवल उद्योगों को नया आयाम दे रही हैं, बल्कि युवाओं के लिए बड़े स्तर पर रोजगार और उद्यमिता के रास्ते भी खोल रही हैं।

मंत्री प्रसाद अटल बिहारी वाजपेयी एनआईईएलआईटी विस्तार केंद्र परिसर में आयोजित सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद थे। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं के बीच तकनीक आधारित कौशल, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देना था।

डिजिटल इंडिया के लक्ष्य में एनआईईएलआईटी की अहम भूमिका

जितिन प्रसाद ने कहा कि डिजिटल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत के विजन को मजबूत करने में एनआईईएलआईटी प्रमुख भूमिका निभा रहा है। उन्होंने बताया कि संस्थान नीति निर्माण और उसके जमीनी क्रियान्वयन के बीच “सेतु” का काम करता है और दूरस्थ व अर्ध-शहरी क्षेत्रों तक आधुनिक तकनीकी शिक्षा पहुंचा रहा है।

मंत्री ने यह भी कहा कि उद्योग की बदलती जरूरतों के अनुसार कौशल विकास को दिशा देने से भारत वैश्विक प्रौद्योगिकी नेतृत्व की ओर तेजी से आगे बढ़ेगा।

ड्रोन टेक्नोलॉजी स्टार्टअप्स ने दिखाए नवीन समाधान

सम्मेलन में बड़ी संख्या में छात्रों, शिक्षकों, प्रशासनिक अधिकारियों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। सबसे ज्यादा ध्यान आकर्षित किया ड्रोन प्रौद्योगिकी प्रदर्शनी ने, जिसमें कई स्टार्टअप्स ने कृषि, फसल निगरानी, कीटनाशक छिड़काव, भूमि सर्वेक्षण, आपदा प्रबंधन, सुरक्षा निगरानी और लॉजिस्टिक्स के लिए तैयार किए गए ड्रोन समाधान प्रदर्शित किए।

प्रतिभागियों को इन तकनीकों का अनुभव मिला, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि ग्रामीण और कृषि क्षेत्रों में ड्रोन का इस्तेमाल किस तरह तेज़ी से बढ़ रहा है।

एनआईईएलआईटी पीलीभीत में अत्याधुनिक IoT लैब का उद्घाटन

कार्यक्रम के दौरान जितिन प्रसाद ने इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। यह नई लैब छात्रों को स्मार्ट सेंसर, एम्बेडेड सिस्टम, ऑटोमेशन और रियल-टाइम IoT एप्लिकेशंस पर व्यावहारिक प्रशिक्षण देगी।

नई प्रयोगशाला से युवाओं की तकनीकी दक्षता बढ़ेगी, उद्योग और शिक्षा के बीच की खाई कम होगी, स्टार्टअप और नवाचार को बेहतर मंच मिलेगा तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा। 

साइबर सुरक्षा पर विशेष कार्यशाला

सम्मेलन में साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों ने डिजिटल सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर सत्र लिया। इनमें साइबर अपराध जागरूकता, डिजिटल धोखाधड़ी रोकथाम, डेटा गोपनीयता, इंटरनेट का सुरक्षित उपयोग, उभरते साइबर खतरों से बचाव शामिल थे। 

यह कार्यशाला छात्रों, शिक्षकों और अधिकारियों के लिए बेहद जानकारीपूर्ण साबित हुई, जिसने सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को लेकर जागरूकता बढ़ाई।

तकनीकी सत्र, संवाद और जागरूकता कार्यक्रम

सम्मेलन में उभरती प्रौद्योगिकियों, सरकारी कौशल विकास योजनाओं और इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों पर कई विशेष सत्र आयोजित किए गए। संवादात्मक चर्चाओं ने युवाओं को आधुनिक तकनीकी इकोसिस्टम से सीधे जोड़ने का काम किया।

कार्यक्रम के अंत में एनआईईएलआईटी ने यह दोहराया कि वह ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में डिजिटल शिक्षा, कौशल विकास, नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। संस्था का लक्ष्य है कि डिजिटल प्रौद्योगिकियों के माध्यम से युवाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता की नई दिशा मिले।

एनआईईएलआईटी क्या है?

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (NIELIT) केंद्र सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत एक स्वायत्त वैज्ञानिक संस्था है। यह देश में कौशल विकास, IT प्रशिक्षण और डिजिटल सशक्तिकरण का प्रमुख केंद्र है। देशभर में 56 केंद्र, 750 से अधिक मान्यता प्राप्त संस्थान, और 8,500 से ज्यादा सुविधा केंद्र के नेटवर्क के माध्यम से एनआईईएलआईटी अब तक लाखों छात्रों को इलेक्ट्रॉनिक्स और ICT क्षेत्रों में प्रशिक्षण दे चुका है।

शिक्षा मंत्रालय ने एनआईईएलआईटी को विशिष्ट श्रेणी की डीम्ड यूनिवर्सिटी का दर्जा भी प्रदान किया है। इसका मुख्य परिसर रोपड़ (पंजाब) में है, जबकि अन्य कैम्पस आइजोल, इम्फाल, अजमेर (केकरी), कोहिमा, पटना, श्रीनगर, औरंगाबाद, कालीकट, इटानगर और गोरखपुर में स्थित हैं।

संस्थान का उद्देश्य डिजिटल तकनीकों के उपयोग से उच्च शिक्षा और कौशल विकास को नई दिशा देना है।

एडइनबॉक्स टीम

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