Edinbox Hindi
अब खेल-खेल में आसान होगी मैथ्स: देशभर के छात्रों के लिए नया डिजिटल प्लेटफॉर्म

अब खेल-खेल में आसान होगी मैथ्स: देशभर के छात्रों के लिए नया डिजिटल प्लेटफॉर्म

अब खेल-खेल में आसान होगी मैथ्स: देशभर के छात्रों के लिए नया डिजिटल प्लेटफॉर्म

भारत में करीब 25 करोड़ स्कूली बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। अलग-अलग भाषाएं बोलने के बावजूद एक चीज लगभग हर छात्र में समान होती है—मैथ्स (गणित) का डर। कई बच्चों के लिए गणित की किताब देखते ही तनाव शुरू हो जाता है। इसी चुनौती को ध्यान में रखते हुए अब दो बड़े प्लेटफॉर्म मिलकर छात्रों के लिए नया समाधान लेकर आए हैं।

AICTE के तहत चलने वाला Anuvadini AI और गेम-आधारित मैथ्स लर्निंग प्लेटफॉर्म MathZoro के बीच साझेदारी की गई है। इस पहल का उद्देश्य कक्षा 6 से 10 तक के छात्रों के लिए गणित को आसान और दिलचस्प बनाना है।

गेम के जरिए सीखेंगे गणित

MathZoro का तरीका पारंपरिक पढ़ाई से अलग है। इसमें “सीखो, खेलो, कमाओ और अनलॉक करो” मॉडल अपनाया गया है। छात्र इसमें अलग-अलग थीम वाले जोन—जैसे Algebra Island, Geometry Island, Trigonometry Island और Probability Island—के जरिए सीखते हैं।

इस प्लेटफॉर्म की खास बात यह है कि स्क्रीन पर बिताया गया हर मिनट पढ़ाई से जुड़ा होता है। कंटेंट को NCERT, ICSE और विभिन्न राज्य बोर्ड के सिलेबस के अनुसार तैयार किया गया है।

साथ ही, इसे कम इंटरनेट स्पीड पर भी चलने के लिए डिजाइन किया गया है, जिससे ग्रामीण और छोटे शहरों के छात्र भी इसका लाभ उठा सकें।

भाषा नहीं बनेगी रुकावट

इस साझेदारी की सबसे बड़ी खासियत है बहुभाषी सुविधा। Anuvadini AI की तकनीक की मदद से MathZoro ऐप के हर हिस्से—चाहे वह सवाल हो, क्विज, कहानी या इनाम—को छात्र अपनी पसंद की भाषा में देख सकते हैं।

यह प्रक्रिया रियल-टाइम में होती है, यानी भाषा बदलने के लिए ऐप को दोबारा लोड करने की जरूरत नहीं पड़ती। इससे छात्रों को उसी भाषा में सीखने का मौका मिलता है, जिसमें वे सहज महसूस करते हैं।

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में भी मदद

Anuvadini AI का उपयोग सिर्फ स्कूल स्तर तक सीमित नहीं है। इसमें “Anuvadini Pariksha” फीचर भी शामिल है, जो JEE, NEET, UPSC, CBSE, ICSE और राज्य बोर्ड की परीक्षाओं की तैयारी में मदद करता है।

इस प्लेटफॉर्म की खासियत यह है कि छात्र अपनी भाषा में ही आगे की तैयारी जारी रख सकते हैं। इससे उन्हें अंग्रेजी इंटरफेस में बदलाव की परेशानी नहीं होती और वे बेहतर तरीके से तैयारी कर पाते हैं।

मजबूत होगी गणित की नींव

विशेषज्ञ मानते हैं कि अगर कक्षा 6 से 10 के दौरान गणित की नींव मजबूत हो जाए, तो आगे की पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाएं आसान हो जाती हैं। MathZoro के जरिए छात्र शुरुआती स्तर पर ही कॉन्सेप्ट समझ सकते हैं, जबकि Anuvadini Pariksha उन्हें अगले स्तर तक ले जाने में मदद करता है।

शिक्षा में नया प्रयोग

यह पहल दिखाती है कि अब शिक्षा को केवल किताबों तक सीमित नहीं रखा जा रहा, बल्कि तकनीक और नई पद्धतियों के जरिए उसे ज्यादा प्रभावी बनाया जा रहा है।

गणित जैसे विषय को आसान और रोचक बनाना लंबे समय से एक चुनौती रहा है। ऐसे में गेम और भाषा आधारित इस तरह की पहल छात्रों के सीखने के तरीके को बदल सकती है।

Asmita Sarkar

Add comment

Recent posts

Most popular

Most discussed