
यूनाइटेड मोटरस्पोर्ट्स अकादमी (UMA) ने आरजीबी रेसिंग टीम के सहयोग से UMA बूटकैंप 2025 की शुरुआत की है। यह एक ऐसा परिवर्तनकारी कार्यक्रम है जिसका उद्देश्य भारत के अगली पीढ़ी के मोटरस्पोर्ट इंजीनियरों को तैयार करना है। सैकड़ों आवेदनों में से 30 प्रतिभाशाली युवाओं को चुनकर स्पेन में आयोजित होने वाले 18 दिवसीय गहन प्रशिक्षण कार्यक्रम के लिए चयनित किया गया है, जहां उन्हें वैश्विक स्तर की मोटरस्पोर्ट विशेषज्ञता से रूबरू कराया जाएगा।
मोटरस्पोर्ट विशेषज्ञता की बढ़ती मांग
बूटकैंप 2025 ऐसे समय में आया है जब मोटरस्पोर्ट इंडस्ट्री तेजी से उभर रही है। मार्केट रिसर्च फ्यूचर और ग्लोबल मार्केट इनसाइट्स इंक. के अनुसार भारत का मोटरस्पोर्ट उत्पाद बाजार वर्ष 2024 में 2.92 अरब डॉलर का था, जो 2035 तक बढ़कर 6.7 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है।
वैश्विक स्तर पर भी यह उद्योग 2024 में 9.5 अरब डॉलर का था और 2034 तक 8.1% की दर से बढ़ने की संभावना है। युवाओं के उत्साह और घरेलू रेसिंग आयोजनों की बढ़ती संख्या इस क्षेत्र में वाहन डायनेमिक्स, टेलीमेट्री और परफॉर्मेंस सिस्टम जैसे विषयों के विशेषज्ञ इंजीनियरों की आवश्यकता को और स्पष्ट करती है।
सख्त चयन प्रक्रिया
अंतिम 30 प्रतिभागियों का चयन बहु-स्तरीय मूल्यांकन प्रक्रिया से हुआ।
आवेदन चरण: उम्मीदवारों से विस्तृत प्रश्नावली और वीडियो स्टेटमेंट मांगे गए ताकि उनकी रुचि और प्रतिबद्धता का आकलन किया जा सके।
साक्षात्कार चरण: शॉर्टलिस्ट किए गए 60 उम्मीदवारों के इंटरव्यू उद्योग विशेषज्ञों ने लिए, जिनमें तकनीकी ज्ञान, प्रोजेक्ट अनुभव, संचार कौशल और उद्योग की समझ को परखा गया।
अंतिम चयन: सबसे सक्षम और प्रतिभाशाली 30 उम्मीदवार चुने गए।
विविध प्रतिभाओं की झलक
इस बार चयनित प्रतिभागी भारत की विविध इंजीनियरिंग प्रतिभा का प्रतिनिधित्व करते हैं। वे दिल्ली, बेंगलुरु, चेन्नई, मुंबई और पुणे जैसे शहरों से आते हैं, साथ ही कुछ भारतीय छात्र यूके और जर्मनी से भी जुड़े हैं। उनकी उम्र 17 से 35 वर्ष के बीच है—किसी ने घर पर सिम्युलेटर बनाए हैं तो कोई पहले से मोटरस्पोर्ट इंडस्ट्री में काम कर रहा है। ज्यादातर मैकेनिकल और ऑटोमोटिव इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि के हैं, लेकिन कुछ गैर-इंजीनियरिंग क्षेत्रों से भी आए हैं, जिन्हें मोटरस्पोर्ट का जुनून जोड़ता है।
भारत हर साल लगभग 10 लाख इंजीनियर तैयार करता है और 3,500 से अधिक कॉलेज इस प्रक्रिया में शामिल हैं। इलेक्ट्रिक मोबिलिटी जैसे क्षेत्रों में बढ़ती मांग—जैसे 2024–25 में 21 लाख से अधिक ईवी की बिक्री—यह दर्शाती है कि मोटरस्पोर्ट जैसी निच फील्ड्स में विशेषज्ञता की आवश्यकता तेजी से बढ़ रही है।
कुछ विशेष प्रतिभागी
दैविक (17 वर्ष): स्वयं सीखने वाले नवाचारक, जिन्होंने Porsche GT3 RS का गहन अध्ययन किया है और भविष्य में ग्लोबल एयरोडायनामिस्ट बनने का सपना रखते हैं।
शांतनु (27 वर्ष): मैकेनिकल इंजीनियरिंग स्नातक और D&O Motorsports में छह वर्षों से डिजाइन इंजीनियर। इन्हें 3D प्रिंटिंग, CAD और एयरोडायनामिक्स व टायर प्रेशर जैसे मोटरस्पोर्ट मूलभूत सिद्धांतों में विशेषज्ञता है।
मोहिता संतोष (19 वर्ष): MUNER छात्रवृत्ति प्राप्तकर्ता, जिन्हें UMA के संस्थापक ओंकार राणे ने मेंटर किया है। वे इस बूटकैंप से वास्तविक उद्योग अनुभव पाना चाहती हैं।
स्पेन की ओर सफर
19 अगस्त 2025 को चयनित 30 प्रतिभागी तीन समूहों में मुंबई, दिल्ली और बेंगलुरु से रवाना हुए। इनके साथ यूके, दोहा, दुबई और जर्मनी से भी प्रतिभागी जुड़े। यही से उनकी गहन प्रशिक्षण यात्रा शुरू हुई।
विश्वस्तरीय प्रशिक्षण
स्पेन में 18 दिवसीय बूटकैंप का पाठ्यक्रम वाहन डायनेमिक्स, एयरोडायनामिक्स, रेस स्ट्रैटेजी और टेलीमेट्री जैसे विषयों पर आधारित है। इसमें सिद्धांत और व्यावहारिक अनुभव का अनूठा मिश्रण है, जिसे ले मांस विजेता विशेषज्ञ और मौजूदा F1 टीमों के इंजीनियर सिखा रहे हैं। प्रशिक्षण के अंत में शीर्ष 5 प्रतिभागियों को आरजीबी रेसिंग टीम में विशेष अंतरराष्ट्रीय इंटर्नशिप का अवसर मिलेगा।
संक्षेप में, UMA और RGB Racing की यह साझेदारी भारत के युवाओं को मोटरस्पोर्ट इंजीनियरिंग में विश्वस्तरीय अनुभव और मार्गदर्शन देने की एक ऐतिहासिक पहल है।




Add comment