
विदेशी भाषाएं सीखकर करियर में नए अवसर तलाशने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है। दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) के कैंपस ऑफ ओपन लर्निंग (COL) ने स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (SOL) के तहत विभिन्न विदेशी भाषा और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा की है। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य छात्रों को भाषा कौशल के साथ-साथ रोजगारोन्मुखी शिक्षा उपलब्ध कराना है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, छात्र अब जर्मन, फ्रेंच, स्पेनिश, इटालियन, पुर्तगाली, चीनी, जापानी और कोरियाई जैसी प्रमुख अंतरराष्ट्रीय भाषाओं में एक वर्षीय सर्टिफिकेट और डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में दाखिला ले सकते हैं। इन कोर्सों का संचालन दिल्ली विश्वविद्यालय के संबंधित भाषा विभागों के सहयोग से किया जाएगा।
देशभर के छात्रों को मिलेगा लाभ
कैंपस ऑफ ओपन लर्निंग की निदेशक प्रो. पायल मागो ने बताया कि भाषा शिक्षा को अधिक से अधिक विद्यार्थियों तक पहुंचाने के लिए इन पाठ्यक्रमों को जल्द ही ऑनलाइन माध्यम में भी उपलब्ध कराया जाएगा। इससे देश के विभिन्न राज्यों में रहने वाले छात्र बिना दिल्ली आए घर बैठे विदेशी भाषा पाठ्यक्रमों में प्रवेश ले सकेंगे।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक स्तर पर बढ़ती प्रतिस्पर्धा के दौर में विदेशी भाषाओं का ज्ञान रोजगार और उच्च शिक्षा दोनों क्षेत्रों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। ऐसे में ऑनलाइन मोड की शुरुआत छात्रों के लिए नए अवसर खोल सकती है।
रूसी भाषा में भी शुरू होंगे नए कोर्स
दिल्ली विश्वविद्यालय का ओपन लर्निंग डेवलपमेंट सेंटर (OLDC) अब रूसी भाषा में भी एक वर्षीय सर्टिफिकेट और डिप्लोमा कार्यक्रम शुरू करने जा रहा है। यह पहल विश्वविद्यालय के स्लावोनिक और फिनो-उग्रियन अध्ययन विभाग के सहयोग से संचालित की जाएगी।
विशेष बात यह है कि छात्र इन पाठ्यक्रमों को ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों माध्यमों से कर सकेंगे। इससे उन विद्यार्थियों को भी लाभ मिलेगा जो किसी अन्य शहर या राज्य में रहते हैं लेकिन विदेशी भाषाओं में विशेषज्ञता हासिल करना चाहते हैं।
17 जून से MBA सहित कई कोर्सों में प्रवेश
दिल्ली विश्वविद्यालय के डिस्टेंस एंड कंटीन्यूइंग एजुकेशन विभाग (DDCE), स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (SOL) और कैंपस ऑफ ओपन लर्निंग (COL) के अंतर्गत कई महत्वपूर्ण प्रोफेशनल कोर्सों में प्रवेश प्रक्रिया 17 जून 2026 से शुरू होगी।
इनमें MBA, मास्टर ऑफ लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस (MLISc), बैचलर ऑफ लाइब्रेरी एंड इंफॉर्मेशन साइंस (BLISc) और एडवरटाइजिंग एंड डिजिटल मीडिया लीडरशिप में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा (PGDADLM) जैसे लोकप्रिय कार्यक्रम शामिल हैं।
विश्वविद्यालय का कहना है कि ये पाठ्यक्रम छात्रों के साथ-साथ कामकाजी पेशेवरों को भी लचीले ढंग से उच्च शिक्षा प्राप्त करने और अपने करियर को नई दिशा देने का अवसर प्रदान करेंगे।
करियर और कौशल विकास पर फोकस
विदेशी भाषाओं और प्रोफेशनल कोर्सों की बढ़ती मांग को देखते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय की यह पहल छात्रों के लिए काफी उपयोगी मानी जा रही है। आज के समय में बहुराष्ट्रीय कंपनियों, पर्यटन, अंतरराष्ट्रीय व्यापार, शिक्षा, अनुवाद, डिजिटल मीडिया और कूटनीति जैसे क्षेत्रों में विदेशी भाषा जानने वाले पेशेवरों की मांग लगातार बढ़ रही है।
ऐसे में भाषा शिक्षा और कौशल आधारित कार्यक्रमों का यह संयोजन छात्रों को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने में मदद कर सकता है।
इच्छुक उम्मीदवार विस्तृत जानकारी, पात्रता, फीस और आवेदन प्रक्रिया से जुड़ी जानकारी के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय के आधिकारिक प्रवेश पोर्टल पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।




Add comment