
स्टूडेंट्स की प्रतिभा निखारने और उन्हें शारीरिक व मानसिक रूप से मजबूत बनाने के लिए उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में अब रोज स्कूल शुरू होने से पहले सुबह 20 मिनट योग और ध्यान यानी मेडिटेशन करवाया जाएगा। इतना ही नहीं, बेसिक स्कूलों में सप्ताह के हर दिन अलग-अलग प्रार्थनाएं कराई जाएंगी। प्रार्थना के साथ ही कई अन्य अलग-अलग एक्टिविटीज भी करवाई जाएंगी। इसके लिए पूरा खाका तैयार कर राज्य के परिषदीय विद्यालयों को भेज दिया गया है।
दरअसल, महानिदेशालय स्कूल शिक्षा ने परिषदीय विद्यालयों के बच्चों की प्रतिभा निखारने के लिए एकेडमिक कैलेंडर को समुचित ढंग से लागू करने का निर्देश दिया है।
महानिदेशालय ने सत्र 2024-25 के लिए अकैडमिक कैलेंडर और सामान्य निर्देश जारी किए हैं। इसमें कहा गया है कि रोज शिक्षण कार्य शुरू होने से पहले 15 मिनट प्रार्थना सभा करवाई जाए। इसमें हर दिन अलग-अलग प्रार्थनाएं कराई जाएं। सोमवार को ‘शक्ति हमें दो दयानिधे’, मंगलवार को ‘दया कर दान भक्ति का, हमें परमात्मा देना’, बुधवार को ‘ऐ मालिक तेरे बन्दे हम’, गुरुवार को ‘सुबह सवेरे तेरा नाम प्रभु’, शुक्रवार को ‘हर देश में तू हर भेष में तू’ और शनिवार को ‘इतनी शक्ति हमें देना दाता’ प्रार्थना करवाई जाएगी। इसके अलावा प्रार्थना के बाद राष्ट्रगान करवाया जाएगा। इसके बाद 5-7 मिनट का योग और ध्यान भी कराया जाएगा।
महानिदेशक स्कूल शिक्षा कंचन वर्मा की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि शैक्षणिक कैलेंडर का पूरा पालन न हो पाए तो अतिरिक्त कक्षाएं कराई जाएं। वहीं विद्यालय अवधि के दौरान शिक्षक संगठनों की ओर से आयोजित किसी भी गतिविधि में स्कूल का कोई शिक्षक-कर्मचारी शामिल नहीं होगा। अपरिहार्य स्थिति में मंजूरी लेने के बाद ही कोई इसमें शामिल हो सकता है।
साथ ही प्रत्येक शनिवार को प्रार्थना के बाद लड़का-लड़की के बीच असमानता खत्म करने के लिए प्रेरणादायी लघुकथाएं, गीत या प्रेरक प्रसंग सुनाए जाएंगे। स्कूल के बाद ब्लॉक स्तर, जनपद व मंडल स्तर पर और राज्य स्तर पर भी खेलकूद प्रतियोगिताएं आयोजित करवाई जाएंगी। महापुरुषों के जन्म दिवस पर उनके जीवन एवं योगदान के विषय में प्रार्थना सभा के बाद 30 मिनट की चर्चा होगी। वहीं विद्यालय अवधि के बाद प्रत्येक शनिवार को शिक्षा चौपाल भी लगेगी।
बता दें कि प्रार्थना और योग के लिए सुबह 20 मिनट का समय कई स्कूलों में पहले से ही अलॉट है। लेकिन सप्ताह के अलग-अलग दिनों में अलग-अलग प्रार्थनाएं कराने का प्रावधान अभी नहीं है। अब नए दिशा निर्देश के हिसाब से सभी स्कूलों में यह व्यवस्था बनाई जाएगी।




Add comment