
बिहार में मेडिकल की पढ़ाई की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बड़ी खबर है। नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने राज्य के दो नए मेडिकल कॉलेजों में MBBS कोर्स शुरू करने की अनुमति दे दी है। Government Medical College, Chhapra (Saran) और Ram Janki Medical College and Hospital, Samastipur को शैक्षणिक सत्र 2026-27 से MBBS की पढ़ाई शुरू करने की मंजूरी मिली है।
दोनों मेडिकल कॉलेजों को फिलहाल 50-50 MBBS सीटों की अनुमति दी गई है। यानी राज्य में कुल 100 नई MBBS सीटें जुड़ेंगी। NMC के Medical Assessment and Rating Board (MARB) ने दोनों संस्थानों को Letter of Permission (LoP) जारी किया है।
इस फैसले से बिहार के उन छात्रों को फायदा मिलने की उम्मीद है, जो NEET-UG के जरिए MBBS में दाखिला लेना चाहते हैं। खास तौर पर सारण, समस्तीपुर और आसपास के जिलों के छात्रों के लिए अपने क्षेत्र के करीब मेडिकल शिक्षा हासिल करने का एक और विकल्प उपलब्ध होगा।
छपरा और समस्तीपुर में शुरू होगी MBBS की पढ़ाई
NMC की मंजूरी के बाद Government Medical College, Chhapra और Ram Janki Medical College and Hospital, Samastipur में 2026-27 सत्र से MBBS की पढ़ाई शुरू की जा सकेगी।
दोनों संस्थानों में शुरुआती तौर पर 50-50 छात्रों का दाखिला होगा। इस तरह इन दोनों कॉलेजों से हर साल कुल 100 छात्र MBBS की पढ़ाई शुरू कर सकेंगे।
समस्तीपुर के राम जानकी मेडिकल कॉलेज को मिली मंजूरी के बाद यह बिहार का 21वां सरकारी मेडिकल कॉलेज बनने की जानकारी सामने आई है। कॉलेज प्रशासन के अनुसार संस्थान का ढांचा भविष्य में 100 सीटों की क्षमता को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है और आने वाले वर्षों में सीटों की संख्या बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।
दोनों कॉलेजों ने मांगी थीं 100-100 सीटें
नए मेडिकल कॉलेजों के लिए शुरुआत में दोनों संस्थानों की ओर से 100-100 MBBS सीटों की अनुमति मांगी गई थी। हालांकि, NMC ने फिलहाल दोनों कॉलेजों को 50-50 सीटों के साथ MBBS शुरू करने की अनुमति दी है।
इसका मतलब है कि अभी छात्रों के लिए उपलब्ध आधिकारिक स्वीकृत सीटें कुल 100 हैं। भविष्य में कॉलेज जरूरी शैक्षणिक, अस्पताल और अन्य नियामकीय मानकों को पूरा करते हैं तो सीटों में बढ़ोतरी के लिए अलग से अनुमति मांगी जा सकती है। फिलहाल उम्मीदवारों को 50-50 सीटों की ही जानकारी को आधार मानना चाहिए।
NEET-UG के बाद मिलेगा दाखिले का मौका
MBBS में दाखिला लेने वाले छात्रों के लिए इन सीटों तक पहुंच NEET-UG के जरिए होगी। NEET-UG में पात्रता और रैंक हासिल करने के बाद छात्र संबंधित सरकारी काउंसलिंग प्रक्रिया में इन कॉलेजों के विकल्प देख सकेंगे।
हालांकि, कॉलेजवार सीट मैट्रिक्स और काउंसलिंग से जुड़ी अंतिम जानकारी संबंधित आधिकारिक काउंसलिंग प्राधिकरण की अधिसूचना में स्पष्ट होगी। इसलिए उम्मीदवारों को केवल सोशल मीडिया पोस्ट या अनौपचारिक जानकारी के आधार पर कॉलेज और सीटों को लेकर कोई फैसला नहीं करना चाहिए।
NMC अपनी वेबसाइट पर 2026-27 के लिए MBBS सीट मैट्रिक्स और मेडिकल कॉलेजों से संबंधित जानकारी भी उपलब्ध करा रहा है।
बिहार में मेडिकल शिक्षा का दायरा बढ़ेगा
दो नए मेडिकल कॉलेजों में MBBS शुरू होने का असर केवल 100 नई सीटों तक सीमित नहीं रहेगा। मेडिकल कॉलेज के साथ जुड़े अस्पतालों में भी विशेषज्ञ डॉक्टरों और चिकित्सा सेवाओं की क्षमता बढ़ने की उम्मीद है। इससे स्थानीय मरीजों को बेहतर इलाज के लिए दूसरे बड़े शहरों पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है।
मेडिकल कॉलेजों के शुरू होने से आने वाले वर्षों में स्थानीय स्तर पर डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है। हालांकि, इसका वास्तविक असर कॉलेजों की पूरी क्षमता से संचालन, अस्पताल की सुविधाओं और आगे की मेडिकल शिक्षा के विस्तार पर निर्भर करेगा।
छात्रों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह फैसला?
बिहार लंबे समय से मेडिकल शिक्षा में सीटों की संख्या बढ़ाने की जरूरत महसूस करता रहा है। NEET-UG में बड़ी संख्या में छात्र शामिल होते हैं, लेकिन सरकारी मेडिकल कॉलेजों में उपलब्ध MBBS सीटें सीमित होने के कारण कई छात्रों को दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता है।
छपरा और समस्तीपुर में नए विकल्प मिलने से छात्रों को राज्य के भीतर ही मेडिकल शिक्षा के ज्यादा अवसर मिलेंगे। इससे परिवारों पर दूसरे शहरों में रहने और पढ़ाई का अतिरिक्त खर्च भी कुछ हद तक कम हो सकता है।
फिलहाल दोनों कॉलेजों में 50-50 सीटों की मंजूरी एक शुरुआती कदम है। अगर संस्थान अपनी सुविधाओं और नियामकीय मानकों को मजबूत करते हैं, तो भविष्य में इनकी MBBS सीटों में बढ़ोतरी की संभावना बन सकती है।
बिहार के छात्रों के लिए इस समय सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि 2026-27 सत्र से दो नए मेडिकल कॉलेजों में कुल 100 MBBS सीटों का रास्ता साफ हो गया है। अब आगे की प्रक्रिया NEET-UG और आधिकारिक काउंसलिंग के जरिए पूरी होगी।




Add comment