Edinbox Hindi

MPSC परीक्षाओं की अनियमितता होगी खत्म, यूपीएससी की तर्ज पर सरकार बनाएगी वार्षिक परीक्षा कैलेंडर

महाराष्ट्र लोकसेवा आयोग (MPSC) की परीक्षाओं की अनियमित समय-सारणी छात्रों के लिए परेशानी का कारण बन रही है। प्रदेशभर के हजारों छात्र प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी करते हैं, लेकिन आयोग की देरी और लालफीताशाही के कारण उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।

इसी मुद्दे पर राष्ट्रवादी कांग्रेस (अजित पवार गुट) के विधायक शिवाजीराव गर्जे ने विधानपरिषद में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव रखा। इस पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने जवाब देते हुए कहा कि अब यूपीएससी (UPSC) की तर्ज पर एमपीएससी परीक्षाओं का वार्षिक कैलेंडर तैयार किया जाएगा।

MPSC के लिए स्थायी परीक्षा कैलेंडर लागू होगा
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि यूपीएससी की परीक्षाएं तय समय-सारणी के अनुसार होती हैं, लेकिन MPSC में ऐसा नहीं हो पाया है। हालांकि, 2018-19 के बाद राज्य में आरक्षण से जुड़े विभिन्न फैसलों और न्यायालयों के स्थगन आदेशों के कारण भर्ती प्रक्रियाओं में देरी हुई। अब सरकार MPSC के लिए एक स्थायी परीक्षा कैलेंडर लागू करने की योजना बना रही है, ताकि परीक्षाएं समय पर आयोजित हो सकें।

2025 से लागू होगी वर्णनात्मक परीक्षा प्रणाली
MPSC की परीक्षा प्रणाली में बदलाव को लेकर भी सवाल उठे। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि 2023 में वर्णनात्मक (डिस्क्रिप्टिव) परीक्षा प्रणाली लागू करने की योजना थी, लेकिन छात्रों के अनुरोध पर इसे 2025 तक स्थगित कर दिया गया। अब 2025 से MPSC की परीक्षाएं नई प्रणाली के तहत आयोजित की जाएंगी, जिससे उम्मीदवारों को यूपीएससी परीक्षाओं में भी लाभ मिलेगा।

MPSC परीक्षा प्रक्रिया रहेगी पारदर्शी
कुछ विधायकों ने मांग की थी कि MPSC की परीक्षाएं निजी संस्थाओं से न कराई जाएं, बल्कि आयोग स्वयं इसका संचालन करे। इस पर मुख्यमंत्री फडणवीस ने स्पष्ट किया कि प्रश्नपत्र तैयार करना और परीक्षा आयोजित करना MPSC ही करता है, केवल कुछ बुनियादी ढांचे (इन्फ्रास्ट्रक्चर) के लिए बाहरी सहयोग लिया जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि हाल के वर्षों में MPSC ने पूरी पारदर्शिता के साथ परीक्षाएं आयोजित की हैं और इसमें कोई अनियमितता नहीं हुई है।

भविष्य में MPSC के तहत बड़ी भर्तियां होंगी
मुख्यमंत्री ने बताया कि MPSC में रिक्त तीन महत्वपूर्ण पदों को जल्द भरा जाएगा और आने वाले समय में बड़े पैमाने पर भर्तियां की जाएंगी। सामान्य प्रशासन विभाग ने अन्य राज्यों के लोकसेवा आयोगों का अध्ययन किया है, और उसी के आधार पर MPSC को नया स्वरूप देने की योजना बनाई जा रही है।

अब MPSC के अंतर्गत वर्ग 1 और वर्ग 2 के साथ-साथ वर्ग 3 की परीक्षाएं भी कराई जाएंगी। सरकार का लक्ष्य सभी परीक्षाओं को समय पर पूरा करना है, ताकि उम्मीदवारों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

 

Asmita Sarkar

Add comment

Recent posts

Most popular

Most discussed