Edinbox Hindi

JNU में मेस भोजन विवाद सुलझा, बिल का भुगतान न कर पाने वाले 40 से अधिक छात्र फिर से कर सकेंगे भोजन

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) के दामोदर हॉस्टल में भोजन न मिलने की समस्या का समाधान हो गया है। छात्र संघ अध्यक्ष नीतीश कुमार ने बताया कि हॉस्टल के करीब 40-45 छात्रों को बिल का भुगतान न कर पाने के कारण मेस में भोजन नहीं दिया जा रहा था। हालांकि अब छात्र संघ के हस्तक्षेप के बाद यह संकट टल गया है।

नीतीश कुमार ने स्पष्ट किया कि सेमेस्टर समाप्त होने से पहले छात्रों को मेस बिल चुकाना होता है, लेकिन अभी सेमेस्टर खत्म होने में समय है। ऐसे में छात्रों को भोजन से वंचित करना अनुचित था। पहले यह संख्या 180 तक पहुंच गई थी, लेकिन बाद में अधिकांश छात्रों ने भुगतान कर दिया। शेष 40-45 छात्र आर्थिक कारणों से बिल नहीं चुका पाए थे।

छात्र संघ द्वारा मामले को उठाने के बाद हॉस्टल प्रशासन ने इन छात्रों को फिर से मेस की सुविधा देने की सहमति दी है। साथ ही, उन्हें वित्तीय कठिनाई का लिखित विवरण देना होगा। विश्वविद्यालय प्रशासन जल्द ही इस संबंध में एक सर्कुलर भी जारी करेगा।

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, नई दिल्ली स्थित एक प्रतिष्ठित केंद्रीय विश्वविद्यालय है, जिसका नाम भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के नाम पर रखा गया है। यह संस्थान न केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता के लिए जाना जाता है, बल्कि सामाजिक जागरूकता और छात्र अधिकारों के प्रति भी एक सक्रिय दृष्टिकोण रखता है।

विश्वविद्यालय में मानविकी, सामाजिक विज्ञान, भाषा अध्ययन, विज्ञान, कंप्यूटर और अंतरराष्ट्रीय अध्ययन जैसे विविध क्षेत्रों में स्नातक, स्नातकोत्तर और पीएचडी कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं। JNU में प्रवेश कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET) के स्कोर के आधार पर होता है।

छात्र संघ द्वारा इस समस्या का समाधान दिखाता है कि JNU केवल एक शिक्षण संस्थान नहीं, बल्कि छात्रों की जरूरतों और अधिकारों के लिए खड़ा एक सशक्त मंच भी है।

Asmita Sarkar

Add comment

Recent posts

Most popular

Most discussed