
देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET UG 2025 रविवार, 4 मई को 5,400 से अधिक परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और तीन-स्तरीय निगरानी के बीच शांतिपूर्वक आयोजित की गई। इस बार परीक्षा के लिए 22.7 लाख से अधिक छात्रों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 20.8 लाख से अधिक उम्मीदवारों ने वास्तविक रूप से परीक्षा में भाग लिया। परीक्षा भारत के 548 शहरों और 14 अंतरराष्ट्रीय केंद्रों में संपन्न हुई।
कड़ी सुरक्षा, शांतिपूर्ण आयोजन
शिक्षा मंत्रालय के अनुसार परीक्षा के दौरान कोई बड़ी गड़बड़ी या कदाचार सामने नहीं आया। केवल कुछ स्थानों पर देरी से पहुंचने और ड्रेस कोड को लेकर हल्की-फुल्की असुविधा की खबरें आईं। परीक्षा से पहले शनिवार को मॉक ड्रिल आयोजित की गई थी, जिसमें जैमर, बॉडी फ्रिस्किंग स्टाफ, और बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन जैसी सुरक्षा व्यवस्थाओं की जांच की गई।
पुलिस एस्कॉर्ट के साथ प्रश्नपत्रों की ढुलाई, कोचिंग संस्थानों पर निगरानी, और तीन स्तर की सुरक्षा जांच ने इस बार NEET को पहले से अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने में अहम भूमिका निभाई।
कर्नाटक में विरोध, राजस्थान में गिरफ्तारी
हालांकि परीक्षा सामान्य रूप से संपन्न हुई, लेकिन कर्नाटक के कलबुर्गी में ब्राह्मण समुदाय के लोगों ने एक केंद्र के बाहर विरोध किया। उनका आरोप था कि छात्रों से ‘जनेऊ’ हटवाया गया, जिसे उन्होंने धार्मिक आस्था के विरुद्ध बताया।
इस बीच राजस्थान में स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप ने तीन ऐसे लोगों को गिरफ्तार किया, जो एक परीक्षार्थी से 40 लाख रुपये लेकर परीक्षा में पास कराने का झांसा दे रहे थे। वहीं भुवनेश्वर में चार लोग मेडिकल कॉलेज में एडमिशन के नाम पर ठगी करते हुए पकड़े गए।
फर्जी सूचनाओं पर NTA की सख्ती
पिछले वर्षों में पेपर लीक और अनियमितताओं को देखते हुए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने इस बार सोशल मीडिया पर फैल रही झूठी सूचनाओं पर कड़ी कार्रवाई की। 106 टेलीग्राम चैनल और 16 इंस्टाग्राम अकाउंट्स की पहचान की गई, जो पेपर लीक की अफवाह फैला रहे थे। NTA ने इन प्लेटफॉर्म्स से चैनल हटाने का अनुरोध किया, जिससे छात्रों में भ्रम और तनाव ना फैले।
पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए केंद्र सरकार सक्रिय
NEET UG और UGC-NET जैसी परीक्षाओं की विश्वसनीयता को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार ने एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है। इसके साथ ही CBI द्वारा भी कुछ मामलों की जांच की जा रही है। सरकार का उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और सुरक्षा को सुनिश्चित करना है, ताकि योग्य छात्रों को न्याय मिल सके।




Add comment